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एमएलसी चुनाव के बहाने पश्चिमी यूपी की 44 विधानसभा सीटों पर नजर

एमएलसी चुनाव के बहाने पश्चिमी यूपी की 44 विधानसभा सीटों पर नजर
  • योगी आज गाजियाबाद में करेंगे मतदाता संवाद, मेरठ और सहारनपुर मंडल के मतदाताओं को साधने की होगी कोशिश

डिजिटल डेस्क, गाजियाबाद : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को गाजियाबाद में मतदाता संवाद के जरिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भाजपा के पक्ष में माहौल बनाने की कोशिश करेंगे। डासना स्थित सुंदरदीप कालेज में आयोजित कार्यक्रम में मेरठ और सहारनपुर मंडल के मतदाता शामिल होंगे। औपचारिक रूप से यह कार्यक्रम एमएलसी स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव को लेकर है, लेकिन इसके राजनीतिक मायने आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों से भी जोड़कर देखे जा रहे हैं। दोनों मंडलों की 44 विधानसभा सीटों पर राजनीतिक समीकरण साधना भाजपा की रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है।

मुख्यमंत्री दोपहर में गाजियाबाद पहुंचेंगे। इसके बाद इंदिरापुरम स्थित टीटीआरओ प्लांट का निरीक्षण करेंगे और फिर सुंदरदीप कालेज में मतदाताओं से संवाद करेंगे। एमएलसी स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा ने दिनेश कुमार गोयल और श्रीचंद शर्मा को प्रत्याशी बनाया है। दिनेश कुमार गोयल गाजियाबाद और श्रीचंद शर्मा गौतमबुद्धनगर के निवासी हैं। दोनों सीटों पर मेरठ और सहारनपुर मंडल के मतदाता मतदान करेंगे। चुनाव 23 अक्टूबर को होना है।

मतदाता संवाद कार्यक्रम में दोनों मंडलों से मतदाताओं की भागीदारी को देखते हुए सुंदरदीप कालेज को आयोजन स्थल बनाया गया है। यह कालेज ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे के नजदीक स्थित है। इससे अलग-अलग क्षेत्रों से आने वाले लोगों को कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने में सुविधा होगी।

राजनीतिक दृष्टि से मुख्यमंत्री के इस दौरे को केवल एमएलसी चुनाव तक सीमित नहीं माना जा रहा है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव को लेकर सभी प्रमुख राजनीतिक दलों ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव भी हाल में दादरी में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए थे। ऐसे में भाजपा की ओर से मतदाता संवाद के जरिए अपने समर्थक वर्ग के बीच संपर्क मजबूत करने और आगामी चुनाव के लिए राजनीतिक जमीन तैयार करने की कोशिश के तौर पर इस कार्यक्रम को देखा जा रहा है।

मेरठ और सहारनपुर मंडल में कुल 44 विधानसभा सीटें हैं। ऐसे में एमएलसी चुनाव के लिए मतदाताओं से संवाद के साथ-साथ क्षेत्र में राजनीतिक संदेश देना भी मुख्यमंत्री के दौरे का अहम पहलू माना जा रहा है।