डिजिटल डेस्क, लखनऊ: यूपी के पूर्व CM और सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने X पर पोस्ट कर लिखा है। मुँह नुचुआ’ तो सुना था, अब ‘चुनाव मुचुआ’ आ गये हैं। उन्होंने आगे कहा कि अब एक देश का एक मत, भ्रष्ट मुचुआ’ दें त्यागपत्र! अखिलेश यादव ने कहा,कि बाक़ी मतलब समझने के लिए जेन ज़ी और जागरूक हो चुकी जनता बहुत समझदार है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्र संस्थाएं स्वतंत्र रूप से कार्य नहीं कर पातीं तो यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने पर बिना नाम लिए निशाना साधा है। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया X पर पोस्ट करते हुए कहा कि मुंह नुचुआ’ तो सुना था अब ‘चुनाव मुचुआ’ आ गए हैं। अब एक देश का एक मत भ्रष्ट मुचुआ’ दें त्यागपत्र! बाकी मतलब समझने के लिए Gen-Z और जागरूक हो चुकी जनता बहुत समझदार है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्र संस्थाएं स्वतंत्र रूप से कार्य नहीं कर पातीं तो यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है। जब से अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस ने चुनाव आयोग में अनबन और दो चुनाव आयुक्तों की अनदेखी को लेकर खुलासा किया है। तब से ज्ञानेश कुमार निशाने पर आ गए हैं। यह मुद्दा देश की सियासत में पूरी तरह से गरमा गया है। चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं। विपक्षी लगातार निशाना साध रहे हैं। उनके हटाए जाने की मांग कर रहे हैं।
सत्ता की कठपुतली बनकर लोकतंत्र को धोखा देना अपराध-अखिलेश
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इससे पहले भी चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा था कि यदि एक स्वतंत्र संस्था के सदस्यों को न्यायपूर्ण तरीके से काम करने की स्वतंत्रता नहीं है या उनकी सुनवाई नहीं होती, तो यह लोकतंत्र के लिए गंभीर स्थिति है। अखिलेश यादव ने यह भी कहा था कि कुछ लोगों द्वारा सत्ता की कठपुतली बनकर लोकतंत्र को धोखा देना गंभीर संवैधानिक अपराध है और सुप्रीम कोर्ट को इस मामले में संज्ञान लेना चाहिए।
‘मुंह नुचुआ’ शब्द की कहानी
बता दे कि मुँह नुचुआ’ की कहानी यूपी और बिहार के इलाकों में फैली एक अफवाह थी। जिसने लाखों लोगों में दहशत फैला रखी थी। जिसमें दावा किया गया कि रात में एक अजीबोगरीब या उड़ने वाली चीज आती है और लोगों का मुंह नोचकर चली जाती है। शाम होते-होते लोग अपने घरों में कैद हो जाते थे और डर की वजह से बाहर नही निकलतें थे।
