ग्रेनो वेस्ट के सेक्टर एक में नियमों के विरुद्ध संचालित हो रहे आरएमसी प्लांट, जिम्मेदार बेखबर
ग्रेटर नोएडा : ग्रेटर नोएडा वेस्ट के सेक्टर एक में नियमों के विरुद्ध आरएमसी प्लांट का संचालन किया जा रहा है। आरएमसी प्लांट के संचालन से आठ सोसायटियों की करीब 50 हजार की आबादी परेशानियों का सामना कर रही है। रात के समय लोगों की नींद पूरी नहीं होने की समस्या के साथ ही बढ़ रहे प्रदूषण के कारण विभिन्न बीमारियां फैलने का खतरा बना रहता है। साथ ही सांस, अस्थमा और टीबी के मरीजों के लिए भी परेशानी का सबब बने हुए हैं। निवासियों का आरोप है कि कई बार जिम्मेदारों से शिकायत किए जाने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा है। इस कारण समस्या का समाधान होने के बजाय बढ़ती जा रही है।
बता दें कि आरएमसी प्लांट के संचालन होने से सेक्टर एक स्थित एस डिवीनो, विहान ग्रींस, अंतरिक्ष, एआइजी रायल, हरिअंत अंबर, ट्वीन काउंटी, फ्लोरा हेरीटेज समेत आसपास की कई सोसायटी के निवासी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। निवासियों का कहना है कि इन प्लांट से लगातार निकलने वाली धूल और सीमेंट कणों ने हवा को इस तरह दूषित कर दिया है कि सांस लेना भी मुश्किल हो चुका है। सुबह और शाम के समय सबसे अधिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसका असर सबसे अधिक बच्चों और बुजुर्गों पुर पड़ रहा है। बीते करीब तीन वर्षों से प्लांटों की संख्या धीरे-धीरे बढ़ रही है, जो समस्या का सबब बनते जा रहे हैं। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण से लेकर जिला प्रशासन के किसी भी अधिकारी की नजर ही नहीं जा रही है, जबकि कई बार जिम्मेदारों से शिकायत की जा चुकी है।इसके चलते समस्या खत्म होने के बजाय बढ़ती जा रही है। स्थानीय निवासी सिद्धार्थ शुक्ला और राजीव पुंडीर ने बताया कि करीब आठ की संख्या में आरएमसी प्लांट का संचालन किया जा रहा है, जिससे यहां का वायु प्रदूषण स्तर काफी बढ़ा रहता है। इस कारण लोगों को सांस लेना तक मुश्किल हो रहा है।
14 आरएमसी प्लांट चल रहे थे, जिनमें से 11 को बंद करा दिया गया है। तीन अभी चल रहे हैं। सभी प्लांट को बंद नहीं कराया जा सकता है। यदि सभी को बंद करा दिया जाएगा तो डेवलपमेंट का काम बंद हो जाएगा।
– विकास मिश्रा, क्षेत्रीय प्रदूषण अधिकारी ग्रेटर नोएडा
